भोपाल। शहर के खानूगांव में गुरुवार को शाम चार बजे बड़ा तालाब का सीमांकन शुरू हुआ। दरअसल, बुधवार को सीमांकन के दौरान वीआइपी रोड पर मंत्री को आवंटित शासकीय बंगला, रसूखदारों के निजी बंगले कैचमेंट की जद में आते ही अधिकारियों पर दबाव आने लगा। ऐसे में सीमांकन की कार्रवाई दिनभर नहीं हो सकी, फिर शाम को निर्देश मिलते ही अमले ने बड़ा तालाब की सीमाओं को चिह्नित किया।
जिसमें कैचमेंट क्षेत्र 50 मीटर की जद में बंगले, मैरिज गार्डन, निर्माणाधीन कंस्ट्रक्शन, सेना को दी गई जमीन, कच्चे मकान सहित एक दर्जन कब्जे सामने आए हैं। सीमांकन के दौरान राजस्व अमले से कुछ लोग बहस करते नजर आए, लेकिन यहां सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस बल तैनात नहीं था। इतना ही नहीं नगर निगम झील प्रकोष्ठ और वन विभाग के जिम्मेदार अधिकारी भी नदारद दिखे।
मैरिज गार्डन के बाहर पीला निशान
जानकारी के अनुसार नायब तहसीलदार, आरआइ, पटवारियों के राजस्व अमले ने गुरुवार को शाम चार बजे सीमांकन करते हुए एक मैरिज गार्डन के बाहर पीला निशान लगाया। आगे बढ़ते हुए एक मंजिल के बाहर पेड़ पर सीमा चिह्नित की गई। एक आलीशान बंगले के बाहर निशान लगाया गया। इसके आगे ही निर्माणाधीन प्लाट पर जेसीबी से खोदाई कर मुरम निकाली जा रही थी। इसका भी कुछ हिस्सा कैचमेंट की जद में आ रहा है। बड़ा तालाब के किनारे कच्चे चादरशेड वाले मकान बने हुए मिले। ठीक इन्हीं के पास सेना को दी गई जगह, उसके पास एक प्लाट पर मुरम व पत्थर डाले जा रहे थे। यहां से राजस्व अमले ने सीमांकन करते हुए खानूगांव में कैचमेंट 50 मीटर दायरे में छोटे-बड़े 20 से अधिक कब्जों को चिह्नित किया है।
राजस्व अमले ने जिन लोगों के निर्माणों का हिस्सा कैचमेंट में आ रहा है, उन्हें निशान लगाने के साथ ही दस्तावेज पेश करने की सलाह दी है। इनमें जीशान अली, अकबर हसन खान, अफजल खान, रूही खान, शैलेंद्र वर्मा, नूरजहां, मोहम्मद अली, मोहम्मद शायान, मोहम्मद इमरान, शोएब खान, फैसल खां, अज्जू मियां, कलीम खान, अली खान, शमीम खान, नदीम, फहीम, मोहम्मद कबीर, अशफाक, मोहम्मद जुनेद, शाहरूख खान, यूसूफ खान, परवेज, रफीक मियां, हसन खान, अफसर खान, मूसा पठान, रिजवान, जफर, अब्दुल रशीद खान, भोपाल हीरोज हाकी रिक्रीएशन सेंटर शाहिद अली खान शामिल हैं।
इनका कहना है
बैरागढ़ वृत्त में बड़ा तालाब के सीमांकन की कार्रवाई लगभग अंतिम चरण में है। अमले ने सीमाएं चिह्नित करते हुए कैचमेंट में आने वाले निर्माणों पर निशान लगाए हैं। इनकी सूची तैयार की जा रही है, सभी को दस्तावेज दिखाने का समय दिया गया है। आला अधिकारियों को जानकारी देने के बाद जैसे दिशा-निर्देश मिलेंगे, उसके आधार पर ही कार्रवाई की जाएगी।
– रविशंकर राय, एसडीएम, बैरागढ़ वृत्त