नई दिल्ली: पड़ोस की दुकान पर आप खरीदारी करने गए। आपने 17 रुपये का सामान लिया और 100 का नोट दिया। दुकानदार कहता है, खुले पैसे दो या यूपीआई (Unified Payments Interface) कर दो। आप अपना मोबाइल फोन निकालते हैं, क्यूआर कोड स्कैन करते हैं और पेमेंट हो जाता है। इसी आसानी की वजह से यूपीआई (UPI) ने इतिहास बना दिया है। जी हां, बीते मई महीने के दौरान कुल 29.90 लाख करोड़ रुपये का ट्रांजेक्शन हुआ।
19 फीसदी की बढ़ोतरी
नेशनल पेमेंट्स कार्पोरेशन ऑफ इंडिया या एनपीसीआई (NPCI) के आंकड़ों के मताबिक बीते मई महीने में करीब 30 लाख करोड़ रुपये का यूपीआई ट्रांजेक्शन हुआ जो कि एक साल पहले के इसी महीने के मुकाबले 19 फीसदी ज्यादा है। यही नहीं, एक महीने पहले यानी अप्रैल 2026 के मुकाबले भी यह तीन फीसदी ज्यादा है। मई 2026 में कुल 23.2 अरब ट्रांजेक्शन हुए जबकि अप्रैल 2026 में 22.35 अरब ट्रांजेक्शन हुए थे।