MP की ई-नगर पालिका परियोजना को मिला प्रतिष्ठित राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस पुरस्कार, देश में बजा डंका

भोपाल। मध्य प्रदेश की ई-नगर पालिका परियोजना को प्रतिष्ठित राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस पुरस्कार मिला है। इस उपलब्धि पर नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा है कि मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव के नेतृत्व में प्रदेश ने डिजिटल सुशासन, ई-गवर्नेंस, साइबर सुरक्षा तथा नागरिक सेवाओं के क्षेत्र में अभूतपूर्व नवाचार किए हैं। यह राष्ट्रीय पुरस्कार मप्र द्वारा उत्कृष्ट नागरिक सेवाओं के वितरण और तकनीकी सुधारों की दिशा में किए गए निरंतर प्रयासों की राष्ट्रीय स्तर पर हुई सराहना का एक गौरवशाली प्रतीक है।

नगरीय विकास एवं आवास विभाग नागरिकों को उत्कृष्ट, सरल एवं पारदर्शी डिजिटल सेवाएं प्रदान करने के लिए निरंतर कार्यरत है और साथ ही साइबर सुरक्षा एवं डेटा संरक्षण के प्रति भी समान रूप से संवेदनशील है। विभाग का उद्देश्य केवल सेवाओं का डिजिटलीकरण करना नहीं, बल्कि प्रदेश में एक ऐसा सुरक्षित डिजिटल इको सिस्टम स्थापित करना है, जहां तकनीक, सुरक्षा और नागरिकों के विश्वास साथ आगे बढ़ें।

विजयवर्गीय ने कहा है कि ई-नगर पालिका परियोजना को नागरिक सेवाओं को सरल, तेज एवं पारदर्शी बनाने एवं नागरिकों के डेटा की सर्वोच्च सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से विकसित किया गया है। यह प्लेटफार्म आधुनिक क्लाउड अवसंरचना, जीरो ट्रस्ट आर्किटेक्चर, डेटा एनक्रिप्शन, निरंतर साइबर निगरानी और उन्नत साइबर सुरक्षा मानकों पर आधारित है।

इससे नागरिकों की जानकारी की गोपनीयता, अखंडता एवं उपलब्धता सुनिश्चित की जाती है, साथ ही सभी आवश्यक सुरक्षा एवं अनुपालन मानकों का कड़ाई से पालन किया जा रहा है। विभाग द्वारा संचालित ई- नगर पालिका परियोजना को प्रतिष्ठित राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस पुरस्कार 2026 से सम्मानित किया जाना प्रसन्नता का विषय है।

ई-नगरपालिका 2.0 में है जीआइएस आधारित संपत्ति प्रबंधन, कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित सेवाएं

नगरीय विकास एवं आवास आयुक्त संकेत भोंडवे ने ई-नगरपालिका 2.0 की तकनीकी जानकारी देते हुए बताया कि इसके अंतर्गत जीआइएस आधारित संपत्ति प्रबंधन, क्लाउड आधारित डेटा प्रबंधन, कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित सेवाएं और उमंग सहित विभिन्न शासकीय डिजिटल प्लेटफार्मों से एकीकरण सुनिश्चित किया गया है। वर्तमान में इस सिस्टम के माध्यम से 20 से अधिक माड्यूल एवं 24 नागरिक सेवाओं का एकीकृत संचालन सफलता पूर्वक किया जा रहा है, जिससे नगरीय निकायों की कार्यक्षमता में वृद्धि हुई है।

उन्होंने विश्वास जताया कि यह राष्ट्रीय सम्मान प्रदेश में नागरिक-केंद्रित सेवा वितरण के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर सिद्ध होगा और विकसित मध्य प्रदेश के संकल्प को और अधिक सुदृढ़ बनाएगा। आयुक्त भोंडवे ने कहा कि यह राष्ट्रीय पुरस्कार पूरी टीम के कड़े परिश्रम, नवाचार और राज्य में पारदर्शी डिजिटल सुशासन स्थापित करने के संकल्प का एक सुखद प्रतिफल है।


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