डार्विन: ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट क्रिकेट में नई गेंद के खिलाफ बैटिंग काफी मुश्किल होती है। पिच में उछाल को संभाल पाना काफी मुश्किल हो जाता है। सलामी बल्लेबाजों के लिए तो बैटिंग और भी मुश्किल होती है। भारत के लिए 31 सलामी बल्लेबाजों ने ऑस्ट्रेलिया में बैटिंग की है। इसमें सिर्फ 9 के नाम ही शतक है। वहीं ऑस्ट्रेलिया में अपना पहला ही टेस्ट मैच खेल रहे 25 साल के बांग्लादेशी बल्लेबाज तंजीद हसन तमीम ने शतक ठोक दिया है।
तंजीद हसन तमीम ने 101 रनों की पारी खेली
डार्विन के मरारा क्रिकेट ग्राउंड पर तमीम हसन तमीम ने 101 रनों की पारी खेली। उन्होंने 197 गेंदों का सामना किया और 8 चौकों के अलावा एक छक्का लगाया। वह ऑस्ट्रेलिया में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ किसी भी फॉर्मेट में शतक लगाने वाले बांग्लादेश के पहले बल्लेबाज बन गए हैं। यह 25 साल के तमीम के टेस्ट करियर का सिर्फ दूसरा ही मुकाबला है। यह पारी इसलिए भी खास है क्योंकि ऑस्ट्रेलिया की पूरी टीम पहली पारी में सिर्फ 198 रनों पर ऑलआउट हो गई थी।
भारत के कई दिग्गजों के ऑस्ट्रेलिया में शतक नहीं
100 से ज्यादा टेस्ट मैच खेलने वाले दिलीप वेंगसकर के नाम 17 शतक हैं। हालांकि ऑस्ट्रेलिया में वह 16 मैच खेलने के बाद भी शतक नहीं लगा पाए। रोहित शर्मा ने ऑस्ट्रेलिया में 10 जबकि महेंद्र सिंह धोनी ने 9 टेस्ट खेले। इन दोनों के नाम भी वहां इस फॉर्मेट में शतक नहीं है। उनके अलावा महान कपिल देव, नवाब पटौदी, शुभमन गिल, गौतम गंभीर और शिखर धवन जैसे बल्लेबाज भी ऑस्ट्रेलिया में शतक नहीं ठोक पाए हैं।ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट क्रिकेट इतिहास के कई दिग्गज बल्लेबाज शतक नहीं लगा पाए हैं। वेस्टइंडीज के शिवनारायण चंद्रपॉल के नाम टेस्ट में 11867 रन हैं। उन्होंने कुल 30 शतक ठोके हैं लेकिन ऑस्ट्रेलिया में उनके नाम एक भी शतक नहीं है। इंग्लैंड के नासिर हुसैन, साउथ अफ्रीका के हर्शल गिब्स, न्यूजीलैंड के ब्रैंडन मैकुलम और पाकिस्तान के मुदस्सर नजर भी ऑस्ट्रेलिया में शतक नहीं ठोक पाए।