कानपुर एक्सप्रेसवे पर फर्राटा भरने में अभी दो माह का इंतजार, अधूरा काम शुरू होने की डेट जानिए

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से कानपुर को जोड़ने वाले एक्सप्रेसवे पर अब अधूरे काम को शुरू करने की तैयारी की जा रही है। हालांकि, लखनऊ-कानपुर एलिवेटेड रूट पर फर्राटा भरने के लिए अभी कम से कम दो महीने का और इंतजार करना पड़ेगा। सरोजनीनगर में अधूरे पड़े फ्लाईओवर के निर्माण को पूरा करने की कवायद एक बार फिर शुरू हो गई है। एनएचएआई यहां 18 दिसंबर से अधूरा काम करवाने जा रहा है। इसे 28 फरवरी तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। एक्सप्रेसवे का निर्माण कार्य पूर्ण होने के बाद लखनऊ से कानपुर आने-जाने वाले लोगों को जाम से मुक्ति मिल जाएगी। दोनों शहरों की दूरी महज 40 मिनट की रह जाएगी।

लखनऊ-कानपुर मार्ग पर 63 किलोमीटर लंबे एक्सप्रेसवे का काम पूरा हो गया है, लेकिन सरोजनीनगर में स्कूटर इंडिया के पास एक पैच का काम बाकी है। हाई टेंशन पोल के शिफ्ट न हो पाने से फ्लाई ओवर के दो सिरे को अभी तक जोड़ा नहीं जा सका है। इसकी वजह से लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर ट्रैफिक का संचालन शुरू नहीं हो पा रहा है। अखबार नवभारत टाइम्स ने कानपुर एक्सप्रेसवे पर ‘खंभों का ब्रेक’ को प्रमुखता से प्रकाशित किया। इसके बाद एनएचएआई ने सोमवार को अधूरे निर्माण शुरू करने और उसे पूरा करवाने की डेट लाइन जारी कर दी।

प्रोजेक्ट मैनेजर ने दी जानकारी

एनएचएआई के प्रोजेक्ट मैनेजर कर्नल शरद सिंह ने बताया कि पावर ग्रिड कॉरपोरेशन आफ इंडिया को स्कूटर इंडिया के पास हाईटेंशन लाइन के तीन पोल को हटाकर अधिक ऊंचाई वाले दूसरे पोल लगते थे। दो पोल टेस्टिंग के बाद आ गए हैं। एक पोल जल्द ही आने वाला है। तीनों पोल को पीजीसीआईएल ही शिफ्ट करेगा। उसके बाद निर्माण कार्य शुरू करवा दिया जाएगा।शरद सिंह का कहना है कि 18 दिसंबर तक पीजीसीआईएल पोल शिफ्टिंग का काम पूरा करा लेगा। लिहाजा 18 दिसंबर से एलिवेटेड रूट के फ्लाई ओवर के बचे काम को पूरा करवाना शुरू कर दिया जाएगा। कार्यदायी एजेंसी ने भी निर्माण कार्य शुरू करने की तैयारियां पूरी कर ली हैं। उम्मीद है कि 28 फरवरी तक अधूरा काम पूरा कर लिया जाएगा।

निर्माण कार्य के बाद संचालन

अधूरे निर्माण कार्य को पूरा कराने के बाद लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर ट्रैफिक का संचालन शुरू करवाया जाएगा। अमौसी एयरपोर्ट से शुरू होकर कानपुर जाने में लोगों को एक्सप्रेसवे तैयार होने के बाद में 40 मिनट लगेंगे। इस एक्सप्रेसवे पर वाहन अधिकतम 120 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चल सकेंगे। भारतमाला परियोजना के तहत करीब 4700 करोड़ रुपये की लागत से कानपुर एक्सप्रेसवे का निर्माण हो रहा है। अमौसी से बंथरा तक 18 किलोमीटर एलिवेटेड मौसी से बंथरा तक एक्सप्रेसवे का 18 किलोमीटर हिस्सा एलिवेटेड बनाया गया है।

वहीं बंथरा से उन्नाव के नवाबगंज तक 45 किलोमीटर ग्रीनफील्ड रास्ता होगा। यह एक्सप्रेसवे लखनऊ में शहीद पथ को कानपुर के नवाबगंज से जोड़ेगा। इससे आउटर रिंग रोड से भी जोड़ा जाएगा। एक्सप्रेस वे में तीन बड़े पुल, 28 छोटे पुल और 38 अंडरपास बनाए जा रहे हैं। इसके साथ ही 6 फ्लाईओवर भी बनाए जा रहे हैं। एनएचएआई के अफसर का कहना है कि पुल और अंडरपास बनाने से कहीं भी जाम की स्थिति नहीं रहेगी।
Spread the love