अनूपपुर में वेयरहाउस से 24 EVM चोरी:इनमें 8 बैलेट, 16 कंट्रोल यूनिट; 2 दिन पहले ही MP में 103 पदों पर हुए थे उपचुनाव

मध्य प्रदेश के अनूपपुर के पुराने तहसील कार्यालय के पीछे बने ईवीएम वेयरहाउस से 24 EVM चोरी हो गई हैं। इनमें 8 बैलेट यूनिट (BU) और 16 कंट्रोल यूनिट (CU) शामिल हैं। ये मशीनें 2014 से स्थानीय चुनाव के लिए सुरक्षित रखी गई थीं।

EVM चोरी का मामला ऐसे समय सामने आया है, जब प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत उपचुनाव के तहत 29 सितंबर को 103 पदों पर मतदान हुआ है। इनमें 79 सरपंच, 15 जनपद पंचायत सदस्य, 5 जिला पंचायत सदस्य और 4 पंच पद शामिल हैं।

अनूपपुर में 13 में 9 पदों पर निर्विरोध जीत

अनूपपुर जिले में पंचायत उपचुनाव के 13 पंच पदों के लिए 29 सितंबर को चुनाव हुए। इनमें 9 वार्डों में एक-एक प्रत्याशी होने से उन्हें निर्विरोध विजयी घोषित कर दिया गया। वहीं पुष्पराजगढ़ के 3 और कोतमा के विचारपुर के 1 वार्ड में किसी ने नामांकन नहीं भरा, जिससे 4 पंच पद खाली रह गए।

SDM को पहले ही दे दी गई थी जानकारी

ठेकेदार आशीष त्रिपाठी ने 20 अगस्त को जर्जर तहसील भवन तोड़ने के दौरान खुले हिस्से में कुछ मशीनें पड़ी होने की सूचना SDM प्राशी अग्रवाल को दी थी। सूचना के करीब डेढ़ घंटे में SDM ने मौके पर पहुंचकर जायजा लिया था।

इसके बावजूद खुले में रखी संवेदनशील EVM को सुरक्षित जगह पर रखने के इंतजाम नहीं किए गए। करीब एक महीने तक मशीनें ऐसे ही पड़ी रहीं। अब मशीनें गायब होने का पता चलते ही अधिकारियों में हड़कंप मच गया है।

निर्वाचन कार्यालय में टीचर की लगाई गई थी ड्यूटी

शिकायतकर्ता फूलसिंह साहू ने बताया- वे वर्तमान में शासकीय प्राथमिक विद्यालय सीतापुर में सहायक शिक्षक हैं। 2014 में जिला कलेक्टर के आदेश पर उनकी ड्यूटी अनूपपुर के निर्वाचन कार्यालय में लगाई गई थी।

इस दौरान पुराने तहसील कार्यालय में पंचायत चुनाव के लिए EVM सुरक्षित रखी गई थीं। रिकॉर्ड के मुताबिक, यहां 620 कंट्रोल यूनिट और 1670 बैलेट यूनिट थीं। सभी मशीनों को सीलबंद करके रखा गया था।

16 मार्च को मशीनें व्यवस्थित मिली थीं

शिकायतकर्ता के मुताबिक, 16 मार्च 2026 को वेयरहाउस का निरीक्षण किया गया था। उस समय मशीनें व्यवस्थित मिली थीं। इसके बाद जर्जर तहसील को तोड़ने का काम शुरू हुआ। इस दौरान EVM वाले कमरे की पिछली दीवार टूटी मिली। इसी दीवार से रास्ता बनाकर मशीनें चोरी होने की आशंका है।

21 सितंबर को नए स्थान पर शिफ्ट की गईं

चोरी के बाद 21 सितंबर को EVM को पॉलीटेक्निक कॉलेज परिसर में संचालित तहसील कार्यालय के भूतल स्थित कक्ष क्रमांक-6 में शिफ्ट किया गया था। इसके बाद 24 से 28 सितंबर के बीच वेरिफिकेशन कराया गया। इस दौरान मशीनें गायब मिलीं।

कांग्रेस बोली- यह जानबूझकर की गई घटना

अनूपपुर कांग्रेस जिला अध्यक्ष श्याम कुमार चौहान ने बताया- EVM चोरी की घटना से कांग्रेस का ‘वोट चोरी’ का आरोप गलत नहीं लगता। यह चोरी स्थानीय शासन-प्रशासन के इशारे पर कराए जाने की आशंका है।

उन्होंने कहा- इन EVM का पहले हुए चुनावों में इस्तेमाल हुआ हो, इससे इनकार नहीं किया जा सकता। कांग्रेस इस मामले में और जानकारी जुटा रही है। यह सिर्फ प्रशासनिक चूक नहीं, बल्कि जानबूझकर की गई घटना है।

शिकायत के बाद केस दर्ज

कोतवाली थाना प्रभारी उमेश उपाध्याय ने बताया- प्रथम दृष्टया BNS की धारा 331(4) और 305(A) के तहत केस दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब सीरियल नंबर के आधार पर मशीनों के रिकॉर्ड का मिलान करेगी। मामले की जांच की जा रही है।

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