गुना, भोपाल से जयपुर जा रहे एक दंपती के साथ जोधपुर एक्सप्रेस में नशीला पानी पिलाकर लूट की वारदात हुई है। गुना के पास सामने बैठे एक अज्ञात युवक बेहोश होने पर आरोपी उनके सोने-चांदी के जेवर और 9 हजार रुपए नकद लूटकर फरार हो गया। वारदात के 36 घंटे बाद दंपती को जयपुर के एक अस्पताल में होश आया। जयपुर जीआरपी की जीरो एफआईआर के आधार पर अब गुना जीआरपी ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
भोपाल के मिसरोद स्थित जातखेड़ी निवासी नर्मदा प्रसाद अहिरवार (41) अपनी पत्नी कृष्णा बाई के साथ 18 जून की शाम 4:40 बजे ट्रेन नंबर 14814 (भोपाल-जोधपुर एक्सप्रेस) के जनरल कोच में सवार हुए थे। उनकी सामने वाली सीट पर पीले रंग की टी-शर्ट पहने करीब 25 साल का एक युवक बैठा था। बिहारी लहजे में बातचीत कर रहे इस युवक ने खुद को दिल्ली जाने का बताया और सफर के दौरान बातों-बातों में दंपती का भरोसा जीत लिया।
पानी की बोतल लेकर खुद पीने का किया नाटक रात करीब 9:30 बजे दंपती ने घर से लाया हुआ खाना खाया। इसके बाद नर्मदा प्रसाद ने वेंडर से पानी की बोतल मांगी। सामने बैठे युवक ने मदद करने के बहाने वेंडर से बोतल ले ली। नर्मदा प्रसाद जब तक वेंडर को पैसे देते, शातिर आरोपी ने चालाकी से ढक्कन खोलकर पानी में नशीला पदार्थ मिला दिया। दंपती को शक न हो, इसलिए उसने पहले खुद थोड़ा पानी पीने का नाटक किया और फिर उन्हें बोतल थमा दी।
गुना स्टेशन के पास हुए बेहोश, जयपुर में खुला राज रात 10 बजे पानी पीते ही गुना रेलवे स्टेशन आते-आते दोनों पूरी तरह बेहोश हो गए। पीड़ित नर्मदा प्रसाद के मुताबिक, उन्हें बिल्कुल याद नहीं कि 19 जून को जयपुर स्टेशन पर जीआरपी ने उन्हें कब ट्रेन से उतारा और अस्पताल में भर्ती कराया। 20 जून को जब 36 घंटे बाद उन्हें पूरी तरह होश आया, तो वे अस्पताल के बेड पर थे और नाक में नली लगी हुई थी। उनके बच्चे भी तब तक जयपुर अस्पताल पहुंच चुके थे।
सोने-चांदी के जेवर और 9 हजार की नकदी पार होश में आने पर दंपती ने देखा कि उनका सारा कीमती सामान गायब है। आरोपी नर्मदा प्रसाद के गले से 73 ग्राम चांदी की चेन, 159 ग्राम का चांदी का ब्रेसलेट और पर्स में रखे 4 हजार रुपए निकाल ले गया था। वहीं, पत्नी कृष्णा बाई के गले का सोने का मंगलसूत्र और पर्स से 5 हजार रुपए भी चोरी हो गए थे। फरियादी को शक है कि वारदात के बाद आरोपी गुना स्टेशन पर ही उतरकर भाग निकला।
जयपुर से डायरी आने के बाद गुना में FIR दर्ज घटना के बाद 21 जून को जयपुर जीआरपी ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता BNS की धारा 305(सी) और 123 के तहत जीरो पर प्रकरण दर्ज किया था। घटनास्थल गुना के करीब होने के कारण आगे की विवेचना के लिए केस डायरी जीआरपी थाना गुना स्थानांतरित कर दी गई। इसके बाद 24 जून को गुना जीआरपी ने मामले में विधिवत एफआईआर दर्ज कर ली है और आरोपी की तलाश की जा रही है।