भोपाल। राजधानी के जयप्रकाश (जेपी) अस्पताल में आयुष्मान भारत योजना के तहत ओपीडी मरीजों के लिए एमआरआई और सीटी स्कैन की सुविधा फिर शुरू होने जा रही है। करीब एक साल से ओपीडी मरीजों को इस सुविधा का लाभ नहीं मिल रहा था। विभाग द्वारा योजना संचालित करने वाली एजेंसी का करीब 1.40 करोड़ रुपये का बकाया भुगतान किए जाने के बाद अब अस्पताल प्रबंधन ने ओपीडी मरीजों के लिए भी आयुष्मान के तहत जांच शुरू करने की तैयारी कर ली है।
अस्पताल में अक्टूबर 2025 से ओपीडी के आयुष्मान कार्डधारक मरीजों के लिए एमआरआई और सीटी स्कैन की सुविधा बंद थी। हालांकि मशीन लगातार चालू रही और अस्पताल में भर्ती (आईपीडी) आयुष्मान मरीजों को पहले की तरह जांच की सुविधा मिलती रही। बकाया भुगतान नहीं होने के कारण केवल ओपीडी मरीजों को आयुष्मान योजना के तहत जांच का लाभ नहीं मिल पा रहा था।
1.40 करोड़ रुपये का था बकाया
जानकारी के अनुसार, योजना का संचालन करने वाली एजेंसी का करीब एक करोड़ 40 लाख रुपये का भुगतान लंबे समय से लंबित था। इसके बाद एजेंसी ने ओपीडी के मरीजों को जांच करने से मना कर दिया था। अब विभाग ने यह राशि जारी कर दी है। इसके बाद एजेंसी ने ओपीडी मरीजों के लिए भी आयुष्मान योजना के तहत सेवाएं फिर से शुरू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जेपी अस्पताल में पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) माडल पर कृष्णा डायग्नोस्टिक सेंटर संचालित है।
यहां 1.5 टेस्ला क्षमता की अत्याधुनिक एमआरआई मशीन लगी हुई है। आम मरीजों के लिए एमआरआई जांच का शुल्क करीब 1,338 रुपये निर्धारित है, जबकि आयुष्मान भारत योजना के पात्र मरीजों को यह जांच निश्शुल्क उपलब्ध कराई जाती है।
बाहर करानी पड़ती थी जांच
ओपीडी के आयुष्मान कार्डधारक मरीजों को सुविधा नहीं मिलने के कारण कई मरीजों को निजी डायग्नोस्टिक सेंटरों में जाकर एमआरआई और सीटी स्कैन कराना पड़ता था। इसके लिए उन्हें 10 से 15 हजार रुपये तक खर्च करने पड़ते थे। अब ओपीडी में भी आयुष्मान योजना के तहत जांच शुरू होने से मरीजों को बड़ी राहत मिलेगी। जांच की सुविधा यहां 24 घंटें सातों दिन जांच की सुविधा उपलब्ध है।