भोपाल। भोपाल के कोलार क्षेत्र में नगर निगम की सीलिंग कार्रवाई का विरोध अब और तेज हो गया है। कोलार व्यापारी महासंघ के आह्वान पर बुधवार को समूचा बाजार पूरी तरह बंद रहा। कोलार तिराहे से लेकर गोल जोड़ तक का पूरा व्यावसायिक इलाका सुनसान नजर आया।
छोटे-बड़े दुकानदारों से लेकर डी-मार्ट, वी-मार्ट, विशाल मेगामार्ट जैसे प्रमुख शॉपिंग मॉल और मंदाकिनी व डी-मार्ट चौराहे की शराब दुकानें तक पूरी तरह बंद रहीं। हालांकि, आम जनसुविधा को ध्यान में रखते हुए पेट्रोल पंप और मेडिकल स्टोर्स जैसी आपातकालीन सेवाओं को इस बंद से मुक्त रखा गया था।
व्यापारियों का अनोखा प्रदर्शन
नगर निगम द्वारा की जा रही सीलिंग कार्रवाई के विरोध में कोलार के व्यापारियों ने एक अनोखा और उग्र प्रदर्शन किया। विरोध दर्ज कराने के लिए व्यापारियों ने पहले सांकेतिक अर्थी यात्रा निकाली। इस दौरान कुछ व्यापारियों ने अपना मुंडन भी करवाया। प्रदर्शनकारी हाथ में मटकी लेकर अर्थी के आगे-आगे चले और डी-मार्ट चौराहे के पास पहुंचकर अर्थी का सांकेतिक दाह संस्कार किया।
170 से अधिक प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई
व्यापारियों के इस आंदोलन को करणी सेना परिवार का भी खुला समर्थन मिला है। संगठन के प्रदेश उपाध्यक्ष चेतन सिंह राजपूत और अन्य पदाधिकारियों ने मैदान में उतरकर दुकानदारों से व्यापार बंद रखने की अपील की। उनका कहना है कि इस कार्रवाई से लाखों लोगों की आजीविका पर संकट खड़ा हो गया है। दूसरी ओर, नगर निगम का अमला लगातार तीसरे दिन भी सीलिंग की प्रक्रिया में जुटा रहा। अब तक शहर के लगभग 170 प्रतिष्ठानों को बंद कराया जा चुका है। बता दें कि इससे पहले मंगलवार को भी व्यापारियों ने रोशनपुरा चौराहे पर लगभग चार घंटे तक जोरदार प्रदर्शन किया था।
प्रशासन से बातचीत और पुनर्विचार की मांग
कोलार व्यापारी महासंघ के अध्यक्ष सुनील सिंह और स्थानीय दुकानदारों का स्पष्ट कहना है कि बिना किसी ठोस नीति के की जा रही सीलिंग कार्रवाई से व्यापारी सड़क पर आ गए हैं। इस अचानक हुई बंदी के कारण आम नागरिकों को भी दैनिक जरूरतों के सामान के लिए काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
व्यापारियों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि इस कठोर कार्रवाई पर तुरंत रोक लगाकर बातचीत के जरिए कोई व्यावहारिक समाधान निकाला जाए, ताकि नियमों के पालन के साथ-साथ व्यापारियों के हितों की रक्षा भी हो सके।